पंजाब सरकार की ओर से राज्य के युवाओं को लगातार रोजगार मुहैया कराने का सिलसिला जारी है. मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने मोहाली में आयोजित एक भव्य समारोह के दौरान 866 नए युवाओं को सरकारी नौकरियों के नियुक्ति पत्र सौंपे. इन नए नियुक्तियों के साथ ही, पिछले साढ़े चार वर्षों में पंजाब सरकार द्वारा दी गई कुल सरकारी नौकरियों का आंकड़ा बढ़कर 69,094 हो गया है.
पारदर्शिता और मेरिट पर आधारित चयन प्रक्रिया
समारोह को संबोधित करते हुए सीएम मान ने पुरानी सरकारों पर तीखा प्रहार किया और कहा कि पहले सरकारी नौकरी पाने के लिए रिश्वत और सिफारिश का सहारा लेना पड़ता था, लेकिन आप सरकार ने इस पूरी व्यवस्था को बदलकर पूरी तरह पारदर्शी और मेरिट आधारित बना दिया है. उन्होंने कहा कि निष्पक्ष भर्ती प्रक्रियाओं के कारण ही अब युवाओं का सिस्टम पर विश्वास बढ़ा है और विदेशों की ओर पलायन करने के रुझान में कमी आई है.
विभिन्न विभागों में बांटे गए पद
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि इन 866 नियुक्तियों में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग के 636 उम्मीदवार शामिल हैं, जिनमें 614 स्टाफ नर्स और अन्य मेडिकल स्टाफ प्रमुख रूप से शामिल है. इसके अलावा शुगरफेड में 101 पद,वित्त विभाग में जूनियर ऑडिटर के रूप में 57 उम्मीदवार, रक्षा सेवाएं कल्याण विभाग में 51, सहकारिता विभाग में 11, गृह विभाग में लॉ ऑफिसर के रूप में 10 उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र मिले हैं.
शिक्षा के क्षेत्र में पंजाब बना देश में नंबर वन
रोजगार के साथ-साथ शिक्षा क्षेत्र की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब ने शिक्षा और बुनियादी ढांचे के मामले में केरल को पीछे छोड़ते हुए देश में पहला स्थान हासिल कर लिया है. इस वर्ष नीट (NEET) परीक्षा में सरकारी स्कूलों के 882 विद्यार्थियों की सफलता इस बात का प्रमाण है कि राज्य में शिक्षा का स्तर कितनी तेजी से सुधरा है.अंत में, नव-नियुक्त युवाओं को बधाई देते हुए सीएम मान ने सलाह दी कि वे अपनी सफलता पर घमंड न करें, हमेशा विनम्र रहें और अपनी कलम का इस्तेमाल समाज के गरीब व जरूरतमंद लोगों की भलाई के लिए करें.




