कहते हैं कि हौसले बुलंद हों तो इंसान मौत को मात देकर वापस आ सकता है, और Yash Dhull तो सिर्फ एक सर्जरी कराकर लौटे हैं। सोमवार को नेरुल के मैदान पर डीवाई पाटिल टी20 कप में जो हुआ, उसने बता दिया कि दिल्ली का यह लड़का लंबी रेस का घोड़ा है। यश ढुल की तूफानी फिफ्टी और अर्जुन तेंदुलकर की धारदार गेंदबाजी के दम पर डीवाई पाटिल ब्लू ने निरलॉन को धूल चटा दी।
अर्जुन और कर्ष की जुगलबंदी,154 पर सिमटी निरलॉन
किस्सा शुरू होता है टॉस के बाद निरलॉन की बल्लेबाजी से। डीवाई पाटिल ब्लू के गेंदबाजों ने शुरुआत से ही शिकंजा कस दिया था। कर्ष कोठारी ने फिरकी का ऐसा जाल बुना कि निरलॉन के 4 बल्लेबाज (4/31) उसमें फंस गए। दूसरी तरफ से अर्जुन तेंदुलकर ने आग उगली। अर्जुन ने सही टप्पे पर गेंदबाजी करते हुए 3 महत्वपूर्ण विकेट (3/34) चटकाए। नतीजा ये हुआ कि निरलॉन की पूरी टीम 19.5 ओवर में 154 रनों पर ऑलआउट हो गई।
जब लड़खड़ाए ‘सरफराज’ और ‘सूर्यवंशी’, तब चमके यश ढुल
155 रनों का पीछा करने उतरी डीवाई पाटिल ब्लू की शुरुआत किसी डरावने सपने जैसी थी। वैभव सूर्यवंशी (2 रन) और टीम इंडिया के स्टार सरफराज खान (0) सस्ते में निपट गए। स्कोरबोर्ड देखकर फैंस के चेहरे उतर गए थे।
तभी मैदान पर आए कप्तान यश ढुल। ढुल ने आते ही गेंदबाजों को ‘रिमांड’ पर लेना शुरू किया। आंकड़े गवाह हैं: यश ने मात्र 32 गेंदों में 64 रन ठोक दिए। इस पारी में 8 चौके और 3 गगनचुंबी छक्के शामिल थे। उन्होंने बता दिया कि क्यों उन्हें अंडर-19 विश्व कप जिताने वाला कप्तान कहा जाता है। उनकी इस पारी की बदौलत टीम ने 17.4 ओवर में ही लक्ष्य हासिल कर लिया।
दिल की सर्जरी से ‘मैदान की फतह’ तक का सफर
यश ढुल की यह पारी सिर्फ रनों का अंबार नहीं है, बल्कि एक मिसाल है। पिछले साल यश की हार्ट सर्जरी हुई थी। किसी भी एथलीट के लिए यह करियर खत्म होने जैसा मोड़ होता है। लेकिन यश ने पहले दिल्ली प्रीमियर लीग, फिर सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और अब डीवाई पाटिल कप में रनों की बारिश करके साबित कर दिया है कि उनका बल्ला अब और भी ज्यादा ‘शार्प’ हो गया है।
हार-जीत का लेखा-जोखा
- निरलॉन: 154/10 (19.5 ओवर) – कर्ष कोठारी 4/31, अर्जुन तेंदुलकर 3/34.
- डीवाई पाटिल ब्लू: 156/6 (17.4 ओवर) – यश ढुल 64 (32 गेंद), जीत 4 विकेट से।
यश ढुल की यह फॉर्म भारतीय क्रिकेट के लिए शुभ संकेत है। सरफराज खान जैसे बड़े नामों के फेल होने के बावजूद जिस तरह यश ने जिम्मेदारी उठाई, वो उनकी मैच्योरिटी दिखाती है। वहीं अर्जुन तेंदुलकर का निरंतर विकेट लेना उन्हें अगले IPL सीजन के लिए एक मजबूत दावेदार बना रहा है।




