पुणे के मुंढवा इलाके में एक 58 वर्षीय रिटेल कारोबारी ऑनलाइन शेयर ट्रेडिंग फ्रॉड का शिकार हो गया, जहां ठगों ने उसे ऊंचे रिटर्न का लालच देकर ₹1.22 करोड़ की ठगी कर ली। यह धोखाधड़ी अक्टूबर से दिसंबर 2025 के बीच हुई। पुलिस के अनुसार पीड़ित को एक मैसेजिंग ऐप पर ऐसे ग्रुप में जोड़ा गया था, जिसका नाम एक प्रसिद्ध शेयर ब्रोकिंग कंपनी से मिलता-जुलता था, जिससे उसे यह पूरी तरह असली लगा। ग्रुप में सदस्य लगातार मुनाफे की बातें कर रहे थे, जिससे कारोबारी का भरोसा और बढ़ गया।
इसके बाद ग्रुप एडमिन ने कारोबारी को एक मोबाइल ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड करने के लिए लिंक भेजा। शुरुआत में उसने कम कीमत वाले शेयरों में निवेश किया, लेकिन कुछ दिनों बाद उसे ज्यादा रिटर्न का लालच देकर हाई-वैल्यू शेयरों में निवेश करने के लिए कहा गया। आरोपियों ने खुद लेन-देन संभालने की बात कही और 7 अलग-अलग बैंक खातों की जानकारी देकर पैसे ट्रांसफर करवाए। कारोबारी ने करीब तीन महीने में कुल ₹1.22 करोड़ इन खातों में भेज दिए।
फर्जी ऐप में निवेश पर भारी मुनाफा दिखाया गया, जिससे पीड़ित को लगा कि उसका पैसा तेजी से बढ़ रहा है। लेकिन जब उसने रकम निकालने की कोशिश की, तो उसे ब्लॉक कर दिया गया। इसके बाद उसे ठगी का एहसास हुआ और उसने साइबर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। जांच के बाद पुणे साइबर पुलिस ने सोमवार को धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी ऑनलाइन निवेश प्लेटफॉर्म पर पैसा लगाने से पहले उसकी प्रामाणिकता जरूर जांचें और सोशल मीडिया या मैसेजिंग ऐप पर मिलने वाली अनवेरिफाइड सलाह पर भरोसा न करें।




