नई दिल्ली,: पूर्व चैंपियन लक्ष्य सेन ने अपनी मजबूत रक्षा और रफ्तार में समय पर किए गए बदलावों की बदौलत जापान के केंटा निशिमोटो को सीधे गेमों में शिकस्त दी, जबकि किदांबी श्रीकांत और एचएस प्रणॉय के जुझारू प्रदर्शन के बावजूद उनका सफर दूसरे दौर में समाप्त हो गया। यह मुकाबले योनक्स-सनराइज़ इंडिया ओपन 2026, एचएसबीसी बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर सुपर 750 टूर्नामेंट के अंतर्गत खेले गए, जिसका आयोजन बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया द्वारा इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में किया जा रहा है।
लक्ष्य सेन ने निशिमोटो को 21-19, 21-11 से पराजित कर क्वार्टरफाइनल में प्रवेश किया। इससे पहले श्रीकांत को फ्रांस के क्रिस्टो पोपोव (जो बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर फाइनल्स के विजेता हैं) के खिलाफ 21-14, 17-21, 21-17 से हार का सामना करना पड़ा, जबकि प्रणॉय आठवीं वरीयता प्राप्त सिंगापुर के लोह कीन यू से कड़े मुकाबले में 18-21, 21-19, 21-14 से हार गए।
महिला एकल में भी भारत की चुनौती समाप्त हो गई, जहां चीन की पांचवीं वरीयता प्राप्त हान यूए ने मालविका बंसोड़ को 21-18, 21-15 से हराया।
पहले गेम की शुरुआत में लक्ष्य सेन को निशिमोटो के खिलाफ लय पकड़ने में परेशानी हुई। भारतीय खिलाड़ी अपने शॉट्स की लंबाई को लेकर संघर्ष कर रहे थे। इंडियन ऑयल के कर्मचारी लक्ष्य पहले गेम में 11-16 और फिर 14-18 से पिछड़ गए थे, लेकिन उन्होंने लंबे रैलियों में अपने प्रतिद्वंद्वी को उलझाए रखा और शानदार रक्षात्मक शॉट्स के जरिए निशिमोटो के स्मैश को लौटाते हुए जोरदार वापसी की।
लक्ष्य ने लगातार पांच अंक हासिल कर बढ़त बनाई और पहले ही अवसर पर पहला गेम अपने नाम कर लिया।
दूसरे गेम में लक्ष्य कहीं अधिक आक्रामक और सटीक नजर आए। उन्होंने रफ्तार में बदलाव किया और मौका मिलते ही निर्णायक शॉट्स लगाए। आत्मविश्वास बढ़ने के साथ 24 वर्षीय खिलाड़ी ने हाफ स्मैश और चतुर ड्रॉप शॉट्स का बेहतरीन मिश्रण किया, जिससे उनका प्रतिद्वंद्वी असमंजस में रहा। लक्ष्य ने 50 मिनट में मुकाबला जीतकर क्वार्टरफाइनल में अपनी जगह पक्की की।
लक्ष्य ने कहा,“पहले गेम की शुरुआत में मेरी लय ठीक नहीं थी और मैं शटल को छोटा उठा रहा था, जिससे उसे ज्यादा आक्रमण करने का मौका मिल रहा था। बाद में मैंने शटल को लंबा उठाना शुरू किया और अपनी डिफेंस पर ध्यान दिया, और मुझे लगता है कि इससे पहला गेम मेरे पक्ष में गया।”
लक्ष्य का अगला मुकाबला चीनी ताइपे के लिन चुन-यी से होगा, जिन्होंने आयरलैंड के न्यात गुयेन को 21-16, 21-17 से हराया।
लक्ष्य ने आगे कहा, ““दूसरे गेम में मुझे पता था कि अगर मैं उसे उसका खेल खेलने का मौका दूंगा तो मुश्किल होगी, इसलिए मैंने अपनी गति में बदलाव किया और यह रणनीति कारगर रही।”
दिन के अन्य मुकाबलों में प्रणॉय ने लोह कीन यू के खिलाफ पहला गेम जीता और दूसरे गेम में तीन गेम पॉइंट बचाते हुए उलटफेर के करीब पहुंच गए। हालांकि, पूर्व विश्व चैंपियन लोह ने निर्णायक गेम में मैच की रफ्तार बढ़ा दी, जिसे भारतीय खिलाड़ी रणनीतिक रूप से संभाल नहीं सके।
इससे पहले, श्रीकांत ने भी पोपोव के खिलाफ अपने आक्रामक खेल की झलक दिखाई, लेकिन फ्रांस के पहले वर्ल्ड टूर फाइनल्स पुरुष एकल चैंपियन की चुनौती को पार नहीं कर सके।
महत्वपूर्ण परिणाम
पुरुष एकल:
लक्ष्य सेन (भारत) ने केंटा निशिमोटो (जापान) को 21-19, 21-10 से हराया
क्रिस्टो पोपोव (फ्रांस) ने किदांबी श्रीकांत (भारत) को 21-14, 17-21, 21-17 से हराया
जोनाथन क्रिस्टी (इंडोनेशिया) ने युशी तनाका (जापान) को 21-15, 21-19 से हराया
लोह कीन यू (सिंगापुर) ने एचएस प्रणॉय (भारत) को 18-21, 21-19, 21-14 से हराया
कुनलावुत वितिदसार्न (थाईलैंड) ने लू गुआंग जू (चीन) को 21-14, 21-16 से हराया
महिला एकल:
आन से यंग (कोरिया) ने हुआंग यू-ह्सुन (ताइपे) को 21-14, 21-9 से हराया
रतनाचोक इंतानोन (थाईलैंड) ने मिया ब्लिखफेल्ड्ट (डेनमार्क) को 21-16, 21-11 से हराया
हान यूए (चीन) ने मालविका बंसोड़ (भारत) को 21-18, 21-15 से हराया
चेन यू फी (चीन) ने बुसानन ओंगबामरुंगफान (थाईलैंड) को 21-11, 21-13 से हराया
नात्सुकी निदाइरा (जापान) ने टोमोका मियाज़ाकी (जापान) को 21-19, 8-21, 21-16 से हराया




