नई दिल्ली: दिल्ली में तिरंगा रैली आयोजित करने की योजना के बीच कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दीपके और AISA की अध्यक्ष नेहा बोरा को पुलिस ने हिरासत में ले लिया. CJP ने कनॉट प्लेस स्थित सेंट्रल पार्क में लहरा दो तिरंगा रैली आयोजित करने का आह्वान किया था. हालांकि, इलाके में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 के तहत प्रतिबंध लागू होने की बात सामने आई. रिपोर्ट के मुताबिक, अभिजीत दीपके दिल्ली में NCP-SP के एक प्रवक्ता के आवास पर ठहरे हुए थे. वहां से बाहर निकलने के दौरान पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया. वहीं, नेहा बोरा को मंडी हाउस इलाके से पुलिस अपने साथ ले गई. छह दिनों के भीतर दीपके को दूसरी बार हिरासत में लिया गया है. इससे पहले 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले उन्हें विमान से हिरासत में लिया गया था. अगले दिन उन्हें छोड़ दिया गया था.
ममता बनर्जी ने कार्रवाई पर उठाए सवाल
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस कार्रवाई की आलोचना करते हुए इसे अघोषित आपातकाल जैसी स्थिति बताया. उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण तरीके से लोकतांत्रिक अधिकारों का इस्तेमाल करने वाले युवाओं को हिरासत में लेना गंभीर चिंता का विषय है. ममता बनर्जी के मुताबिक, असहमति की आवाजों से डरने वाली सरकार पूरी पीढ़ी को चुप कराने के लिए दबाव बनाने की कोशिश कर रही है. उन्होंने अभिजीत दीपके को राष्ट्रीय ध्वज अपने हाथ में रखने के मामले में हिरासत में लिए जाने पर भी सवाल उठाए.
CJP का आरोप- तिरंगा लेकर जाने पर हुई कार्रवाई
कॉकरोच जनता पार्टी ने दावा किया कि अभिजीत दीपके को राष्ट्रीय ध्वज लेकर निर्धारित आयोजन स्थल की ओर जाने के कारण हिरासत में लिया गया. पार्टी ने आरोप लगाया कि प्रशासन को शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक अभिव्यक्ति से परेशानी है. कॉकरोच जनता पार्टी के अनुसार, यह कार्रवाई दिखाती है कि प्रशासन को किसी अव्यवस्था से नहीं, बल्कि आम नागरिकों के हाथों में तिरंगे की शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक ताकत से डर है.
पुलिस और अभिजीत दीपके के बीच बहस
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दीपके जहां ठहरे हुए थे, वहां पुलिस पहुंची तो दोनों पक्षों के बीच बातचीत के दौरान बहस भी हुई. इस दौरान दीपके ने कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए सवाल किया कि आखिर उन्हें इस तरह क्यों रोका जा रहा है.उन्होंने कथित तौर पर कहा कि अपने ही देश में तिरंगा लहराने से रोका जा रहा है. हिरासत में लिए जाने का वीडियो भी सामने आने की बात कही गई है.
दिल्ली में प्रदर्शन, पुलिस की निगरानी बढ़ी
रैली और प्रदर्शन के मद्देनजर कनॉट प्लेस तथा आसपास के इलाकों में पुलिस की तैनाती की गई. रिपोर्ट के अनुसार, प्रदर्शनकारियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ड्रोन का भी इस्तेमाल किया गया. कुछ स्थानों पर बैरिकेडिंग की गई और प्रदर्शनकारी एकत्र हुए.नेहा बोरा की हिरासत के बाद AISA समर्थकों ने भी विरोध प्रदर्शन किया. वहीं, CJP समर्थकों ने तिरंगा यात्रा निकालने की जानकारी दी.
SIR के मुद्दे पर भी प्रदर्शन
CJP ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़े मुद्दों को लेकर भी अपनी मांगें सामने रखीं. पार्टी के अनुसार, इस अभियान के तहत उठाए जा रहे सवालों पर सरकार और चुनावी व्यवस्था से जवाब मांगा जा रहा है.




